अध्याय 5: प्रजनन (Breeding) - संकरण का महत्व
मद चक्र (estrous cycle) के लक्षण, कृत्रिम गर्भाधान - गुण और दोष
संकरण (CROSS BREEDING):
यह दो अलग-अलग स्थापित नस्लों के जानवरों का संभोग (mating) है।
उदा.: जर्सी (Jersey) x कांगायम (Kangayam) : जर्सी x होल्स्टीन फ्रेशियन। संकरित जानवरों (cross bred animals) में दोनों माता-पिता की नस्लों के गुणों का मिश्रण दिखाई देगा। संतति (progeny) के उत्पादन प्रदर्शन (production performance) में सुधार होगा और वह मूल नस्ल (native breed) की विशिष्ट रोग प्रतिरोधक विशेषताओं (disease resistance characteristics) को प्रदर्शित करेगी और स्थानीय जलवायु परिस्थितियों का सामना करने के लिए अच्छी तरह से अनुकूल (adapted) होगी। 62.5% विदेशी रक्त (exotic blood) और 37.5% स्थानीय रक्त (local blood) - आदर्श (ideal) है।
जर्सी x स्थानीय नस्ल - F1- 50% ND(c) x J (75%) + 25% ND – F1 50 J 50 ND x 100 J (B) इसलिए नई नस्ल विकसित करने के लिए भी संकरण किया जाता है।
आर्थिक लक्षण (Economic traits):
- पहली बार बछड़ा देने की आयु (Age at 1st calving): पहली बार बछड़ा देने की तारीख पर गाय या भैंस की दिनों में आयु।
- दुद्ध निकालना अवधि (Lactation Length): बछड़ा देने की तारीख से अंतिम बार सूखने (drying off) या दूध बंद होने तक दूध देने के दिन (305 दिन)।
- दुद्ध निकालना उपज (Lactation Yield): बछड़ा देने की तारीख से सूखने की तारीख तक किलोग्राम में दूध की उपज (305 दिनों तक सुधारी गई)।
- सूखी अवधि (Dry period): सूखने की तारीख से बछड़ा देने की तारीख तक के दिन।
- अंतर-बछड़ा अवधि (Inter calving period): एक बछड़ा देने की तारीख से अगले बछड़े के जन्म (1st, 2nd) की तारीख तक के दिन।
- चरम उपज (Peak yield): दुद्ध निकालना अवधि के दौरान किलोग्राम में उच्चतम दैनिक उपज।
- औसत वसा प्रतिशत (Average Fat%): औसत वसा प्रतिशत।
- सेवा अवधि (Service period): बछड़ा देने और उसके बाद गर्भधारण (conception) के परिणामस्वरूप होने वाली सेवा के बीच का अंतराल।
- प्रजनन क्षमता (Breeding efficiency): गर्भाधान के लिए सेवाओं की संख्या (No. Services/Conception) के रूप में मापा जाता है।
प्रजनन (Breeding):
संतान / बच्चों का उत्पादन।
पशुधन - दूध - मांस - ऊन - अंडे में बेहतर प्रदर्शन (performance) प्राप्त करने के लिए वैज्ञानिक प्रजनन (Scientific breeding) की आवश्यकता है।
अंतःप्रजनन (Inbreeding): एक ही नस्ल में निकट संबंधी जानवरों का संभोग (mating) जैसे कि भाई-बहन का संभोग। ii. माता-पिता और संतान का संभोग - जब साथियों के सामान्य पूर्वज (common ancestors) हों - 4 पीढ़ियों के भीतर तो इसके परिणामस्वरूप अंतःप्रजनन होता है।
लाभ (Advantage): किसी विशेष नस्ल की शुद्ध रेखा (pure line) को बनाए रखा जा सकता है。
हानि (Disadvantage): शक्ति (vigour), आकार, उत्पादन में कमी और प्रजनन संबंधी समस्याएं (fertility problems)।
बाह्य-प्रजनन (Out breeding): एक ही नस्ल में असंबंधित जानवरों का संभोग लेकिन कम से束 (minimum) 4-6 पीढ़ियों के लिए कोई सामान्य पूर्वज नहीं होना।
श्रेणीकरण (Grading): श्रेणीकरण बाह्य संकरण (out crossing) का एक रूप है, जिसमें पीढ़ी-दर-पीढ़ी एक विशिष्ट नस्ल के सांडों का अवर्णनीय गायों (non-descript cows) पर प्रजनन किया जाता है, जिससे समय के साथ एक ऐसी आबादी बन जाती है जो अनिवार्य रूप से उस नस्ल के समान होती है जिसके सांडों का उपयोग किया जाता है。
अवर्णनीय गाय (Non descript cow) x जर्सी सांड
F1: 50% ND + 50% जर्सी x जर्सी सांड
F2: 25% ND + 75% जर्सी x जर्सी सांड
F3: 12.5% ND + 87.5% जर्सी x जर्सी सांड
5-6 पीढ़ियों के बाद संतानों में 'शुद्ध नस्ल' (Pure Breed) के 96.9% और 98.3% वंशानुगत लक्षण (hereditary characters) होंगे。
इसलिए श्रेणीकरण एक ऐसी प्रक्रिया है जिसके द्वारा कुछ 'शुद्ध नस्ल' के सांड (sires) स्थानीय किस्म के जानवरों को बहुत जल्दी शुद्ध नस्ल के समान 'समूह' (Group) में बदल सकते हैं।
आर्थिक लक्षण (Economic Traits Table)
| विवरण (Particulars) |
स्थानीय (Local) |
विदेशी (Exotic) |
संकर नस्ल (Cross breed) |
| जन्म के समय वजन (Birth weight) |
20 Kg |
जर्सी – 25-30 kg, फ्रेशियन – 30-35 kg |
- |
| परिपक्वता की आयु (Age at maturity) |
33 महीने |
15 महीने |
18-24 महीने |
| पहली बार बछड़ा देने की आयु (Age at 1st calving) |
42 महीने |
24 महीने |
30 महीने |
| दुद्ध निकालना उपज (Lactation yield) |
1200 Kg |
3000-6000 Kg |
2100-2400 Kg |
| दुद्ध निकालना अवधि (Lactation period) |
180-210 दिन |
305 दिन |
240 – 270 दिन |
| सूखी अवधि (Dry period) |
90-120 दिन |
60 दिन |
75 दिन |
| अंतर-बछड़ा अवधि (Inter calving period) |
18 महीने |
12-13 महीने |
13-14 महीने |
मद चक्र (Oestrus cycle):
- प्रोस्ट्रम (Proestrum - 2 दिन): ग्रैफियन फॉलिकल (graffian Follicle) के विकास की अवधि, जो डिंब (ovum) के पोषण में मदद करती है, तरल पदार्थ में 'एस्ट्रोजन (oestrogen)' नामक हार्मोन होता है। यह गर्भाशय (uterus) और रक्त आपूर्ति (blood supply) में परिवर्तन का कारण बनता है।
- ओस्ट्रम (Oestrum - 1 दिन): वह अवधि जिसके दौरान मादा नर (male) को ग्रहण करने के लिए तैयार होती है।
- मेटास्ट्रम (Metoestrum - 4 दिन): भ्रूण (embryo) का प्रत्यारोपण (Implantation) होता है, C.L. (Corpus Luteum) बनता है। ग्रैफियन फॉलिकल के विकास को रोकता है जिससे मद चक्र (oestrus cycle) रुक जाता है।
- डाइस्ट्रम (Diestrum - 14 दिन): गर्भाशय (uterus) का आगे का विकास होता है। यदि जानवर ने गर्भधारण (conceived) नहीं किया है तो गर्भाशय का संकुचन (involution) होता है।

मद (गर्मी) के लक्षण (Symptoms of Heat):
- चारा खाना बंद कर देना (Off feed)।
- दूध की उपज में गिरावट (Drop in milk yield)।
- बेचैन और उत्तेजित (restless and excited)।
- रंभाना (Bellowing)।
- जननांगों (genitalia) में एडिमा (Oedema) / सूजन।
- बार-बार पेशाब करना (frequent urination)।
- पारदर्शी श्लेष्मा (Transparent mucous) स्राव।
- मद में आई गाय/भैंस दूसरे जानवरों पर चढ़ेगी (mount) और दूसरे जानवरों को अपने ऊपर चढ़ने देगी।
संकरण (Crossing) के लिए इष्टतम समय (Optimum Time):
अंडाशय (ovary) से डिंब/अंडे (Egg/ova) - मद (heat) के लक्षणों की शुरुआत के लगभग 12-18 घंटे बाद निकलते हैं। निकलने के बाद डिंब 16 घंटे तक जीवित रहता है। शुक्राणु (Sperm) 12-14 घंटे तक जीवित रहते हैं。
यदि मद के लक्षण सुबह दिखाई देते हैं - तो कृत्रिम गर्भाधान (AI) शाम को किया जाता है: 12 घंटे की देरी (delay)।
प्रोस्ट्रम (Proestrum): यह जानवर के मद (heat) में आने का प्रतीक है। GF (ग्रैफियन फॉलिकल) - अंडाशय (Ovary) - बढ़ रहा है - कूपिक द्रव (follicular fluid) का स्राव बढ़ा - एस्ट्राडियोल (Estradiol) - सिलिया (Cilia) की संख्या में वृद्धि - गर्भाशय की संवहनी (Vascularity) में वृद्धि - योनि (vagina) की उपकला दीवार (Epithelial wall) की मोटाई में वृद्धि。
योनि की दीवार का समायोजन (adjustment) अच्छी तरह से भरा हुआ है ताकि संभोग (coitus) होने पर दीवार को संभावित नुकसान से बचाया जा सके。
ओस्ट्रम (Oestrum): यह इच्छा (desire) की अवधि है。
'ग्रैफियन फॉलिकल (Graffian Follicle)' - पका हुआ या बहुत सूजा हुआ (turgid)।
यह अवधि फॉलिकल के फटने (rupture) या ओव्यूलेशन (ovulation) के कारण समाप्त हो जाती है। योनिमुख (Vulva) सूज जाता है। योनिमुख और योनि (Vagina) - रक्तसंकुलित (congested) हो जाते हैं。
मेटास्ट्रम (Met Oestrum): यह वह अवधि है जब अंग (organ) सामान्य गैर-संकुलित (non-congested) स्थिति में लौट आता है。
इस अवधि के दौरान GF की गुहा (cavity) जिससे डिंब (ovum) बाहर निकाला गया है, पहचानी जाती है और C.L. (Corpus Luteum) के रूप में जानी जाने वाली एक नई संरचना (structure) बनाती है。
1. यह आगे के ग्रैफियन फॉलिकल के परिपक्व (maturation) होने से रोकता है。
2. यह निषेचित अंडे (fertilized egg) के प्रत्यारोपण (implantation) के लिए आवश्यक है。
3. यह स्तन ग्रंथि (mammary gland) के विकास से घनिष्ठ रूप से संबंधित है。
डाइस्ट्रम (Diestrum): मद चक्र का सबसे लंबा हिस्सा (Longest part)।
प्रत्यारोपण (Implantation) - गर्भाशय का दूध (uterine milk) - प्रत्यारोपण से पहले भ्रूण (embryo) के पोषण (nourishment) के लिए। गर्भावस्था की अनुपस्थिति (Absence of pregnancy) - सामान्य स्थिति में लौट आता है और इस प्रकार चक्र जारी रहता है。
कृत्रिम गर्भाधान (Artificial Insemination - AI):
कृत्रिम गर्भाधान (Artificial insemination) "प्राकृतिक सेवा (Natural Service)" के बजाय यांत्रिक साधनों (mechanical means) द्वारा मादा पथ (female tract) में पुरुष प्रजनन कोशिकाओं (शुक्राणु/sperm) का जमाव (deposition) है।

लाभ (ADVANTAGES):
- यह बेहतर सांडों (superior sires) की उपयोगिता को असाधारण डिग्री (extra ordinary degree) तक बढ़ाता है।
- बेहतर सांडों की सेवाओं को बहुत विस्तारित किया जाता है। यदि सांडों का उपयोग प्राकृतिक सेवा के लिए किया जाता है तो जानवर प्रति वर्ष केवल 50-60 जानवरों को ही सेवा दे सकता है लेकिन कृत्रिम गर्भाधान के तहत जानवर द्वारा स्रावित वीर्य (semen) की मात्रा का उपयोग प्रति वर्ष 1000 जानवरों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए किया जा सकता है।
वीर्य का तनुकरण (Dilution of Semen):
- शुक्राणु/मिलीलीटर का औसत (Average of Sperm/mL): 1000 मिलियन
- वीर्य की कुल मात्रा/2 स्खलन (Total volume of semen/2 ejaculate): 6 मिलीलीटर (mL)
- (यानी) 6000 मिलियन शुक्राणु।
- गतिशील शुक्राणुओं की संख्या (No. of motile Sperms): 90%
- कुल गतिशील शुक्राणुओं की संख्या: 5400 मिलियन।
- प्रसंस्करण (processing) (यानी भरने और सील करने) के दौरान अपेक्षित बर्बादी (wastage): 10%
- उपलब्ध शुक्राणुओं की शुद्ध संख्या (Net no.of sperms available): 5400 - 540 = 4860
- न्यूनतम शुक्राणुओं की आवश्यकता / खुराक (Minimum No. of sperms required / dose): 30 मिलियन।
- इस दर पर तैयार की जा सकने वाली खुराकों की संख्या: 4860 / 30 = 160 खुराक।
- इसलिए, प्रति सप्ताह तैयार की जा सकने वाली खुराकों की कुल संख्या: 160 x 52 सप्ताह = 8320 खुराक।
- आवश्यक जमे हुए वीर्य / खुराक (Frozen semen required / dose): 1 mL.
- प्रजनन सांड (Breeding Bull) को बनाए रखने की कोई आवश्यकता नहीं है। जमे हुए वीर्य (frozen semen) को तरल नाइट्रोजन (Liquid Nitrogen) में -196°C पर संग्रहीत किया जा सकता है।
- वीर्य को हवाई मार्ग (air) से विभिन्न महाद्वीपों में जल्दी और आसानी से पहुँचाया जा सकता है।
- बीमारियों का फैलाव बिल्कुल शून्य (NIL) है।
- मादा (Dam) और सांड (Sire) के बीच आकार और वजन की कठिनाई को दूर करता है।
- गर्भाधान (Conception) की दर को बढ़ाता है क्योंकि कृत्रिम गर्भाधान में वीर्य मध्य गर्भाशय ग्रीवा (mid cervix) में जमा किया जाता है।
- अलग-अलग स्थानों पर स्थित उत्कृष्ट (Outstanding) जानवरों का संभोग कराया जा सकता है।
- बेहतर रिकॉर्ड रखने (record keeping) में मदद करता है।
- पुराने और भारी आकार के सांडों, घायल/विकलांग (injured / disabled) सांडों का उपयोग किया जा सकता है।
गुण (MERITS):
- वीर्य को जमी हुई अवस्था (frozen state) में संग्रहीत किया जा सकता है, इसलिए स्थानांतरण के बाद भी संतान (progeny) प्राप्त की जा सकती है, यहाँ तक कि सांड की मृत्यु के 15-20 वर्ष बाद भी। (परमाणु, रेडियोधर्मी, एक्स-रे इकाई / atomic, radioactive, X-ray unit)
- वीर्य का विस्तार (expanded) किया जाता है और कई जानवरों का संकरण (crossed) किया जा सकता है।
- जमे हुए वीर्य को वीर्य बैंक (semen bank) से महीने में एक बार गंतव्य तक पहुँचाया जा सकता है।

नुकसान / दोष (DISADVANTAGES):
- कुछ सांडों का वीर्य अच्छी तरह से जमता (freeze) नहीं है।
- यदि घटिया सांड (inferior bull) के वीर्य को जमा कर उपयोग किया जाता है - तो व्यापक नुकसान (Extensive damage) होता है।
- संचालन के छोटे क्षेत्र (small area of operation) के लिए जमे हुए वीर्य बैंक का रखरखाव किफायती (economical) नहीं है।
- अच्छी तरह से प्रशिक्षित तकनीकी कर्मियों (technical personnels) और विशेष उपकरणों की आवश्यकता होती है और तैयारी में स्वच्छ उपायों (hygienic measures) को अपनाना पड़ता है।
- उपकरणों की अनुचित सफाई (Improper cleaning) और अस्वच्छ स्थिति (unsanitary condition) कम प्रजनन क्षमता (lower fertility) का कारण बन सकती है और बीमारियों के फैलने का केंद्र (nucleus) हो सकती है।
अस्वीकरण (Disclaimer):
यह स्टडी मटेरियल ICAR के मूल कंटेंट का हिंदी अनुवाद है। हम इसकी पूर्ण सटीकता के लिए उत्तरदायी नहीं हैं। यह फाइल अभी केवल
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